Latest mukhya khabar national

चाचा शिवपाल अब आर-पार के मूड़ में दिया ये बयान

चाचा शिवपाल

कभी समाजवादी पार्टी के कद्दावर नेता रहे और अपने ख़ून-पसीने से पार्टी को मजबूती प्रदान करने वाले चाचा शिवपाल द्वारा नई पार्टी बनाने के ऐलान के बाद उत्तर प्रदेश की सियासत अलग-अलग रंग बदल रही है। माना जा रहा है कि चाचा द्वारा नया मोर्चा खड़ा करने के बाद इसका सबसे ज्यादा असर समाजवादी पार्टी के वोट प्रतिशत पर पड़ेगा।

इधर, पार्टी बनाने के बाद चाचा शिवपाल भी आर-पार के मूड़ में नज़र आ रहे हैं इसी कड़ी में शनिवार को पार्टी मुख्यालय में आयोजित बैठक में पहुंचे शिवपाल यादव ने कहा कि सपा में खांटी समाजवादियों की लगातार उपेक्षा से ऐसा राजनीतिक परिदृश्य बन रहा था जिसमें नई पार्टी बनाने के अलावा कोई रास्ता नहीं था।

शिवपाल यादव ने कहा कि वह चाहते थे कि पार्टी और परिवार में कोई बिखराव ना हो इसलिए उन्होंने लगातार अपमान और तिरस्कार बर्दाश्त किया। लेकिन जब सारी सीमाएं समाप्त हो गई तो लगा कि सपा का नेतृत्व करने वालों को समाजवाद व पार्टी के मूल सिद्धातों में यकीन नहीं है और स्वार्थी तत्व हाबी हो गए हैं तो मजबूरी में दुखी मन से नया रास्ता चुनने का फैसला किया। बैठक में 9 दिसम्बर को लखनऊ में पार्टी की बड़ी रैली करने का फैसला हुआ।

इस दौरान शिवपाल यादव ने कहा कि आने वाला लोकसभा का चुनाव दोनों ही पार्टी के लिए बेहद महत्वपूर्ण रहने वाला है। इन चुनावों में पता चल जाएगा कि विधानसभा चुनाव में किसी की पार्टी किस पायदान पर होगी।

उन्होंने कहा कि प्रगतिशील सपा उन बुनियादी मुद्दों पर काम करेगी जिससे नौजवानों,किसानों,पिछड़ों व अल्पसंख्यकों के जीवन में आमूलचूल बदलाव आ सकें। शिवपाल ने अपने संघर्ष की कहानियां भी सुनाई और बताया कि किस तरह कैसे उनके कई साल सड़कों पर संघर्ष में बीते।

/* ]]> */