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कैसे भरें घर बैठे इनकम टैक्स रिटर्न, क्या है इनकम टैक्स रिटर्न भरने के फायदे?

अगर आप इनकम टैक्स रिटर्न भरना चाहते हैं औप आपको ये प्रोसेस नहीं आता तो घबराइए मत बस इस आर्टिकल को शुरु से लेकर अंत तक कर पूरा पढ़िए।

क्या है इनकम टैक्स?

इनकम टैक्स की टर्म को लेकर ज्यादा परेशान होने की ज़रुरत नहीं है। दरअसल, इनकम टैक्स रिटर्न वो डोक्यूमेंट्स है जो आप आगे अथ्योरिटीज को देते हैं, जिसमें आपके कारोबार, आपकी इनकम, लाभ हानि का पूरा ब्योरा होता है।

अक्सर लोग अपना इनकम टैक्स रिटर्न भरने के लिए चार्टेड अकाउंटेंट की मदद लेते हैं। मगर आजकल के इस ऑनलाइन ज़माने में आप घर बैठे चुटकियों में अपना इनकम टैक्स रिटर्न भर सकते हैं। लेकिन उससे पहले आपको टैक्स भरने के फायदे बता देते हैं कि इनकम टैक्स रिटर्न भरने से आपको क्या क्या फायदा मिलता है-

फायदे

हालांकि कुछ ही लोग ही जो अपनी टैक्स भरने की ज़िम्मेदारी को समझते हैं, जो नहीं भरते टैक्स उनको चक्षु खोलने ये फायदे जानना ज़रुरी है-

  • अगरह आप इनकम टैक्स रिफंड क्लेम करना चाहते हैं तो आपको आईटीआर यटानि इनकम टैक्स रिटर्न भरना ही होगा। तो अगर आप टैक्स भरते हैं तो आप रिफंड के लिए आसानी से क्लेम कर सकते हैं।
  • आप किसी भी प्रकार का लोन लेना चाहते हैं,जैसे एजुकेशन लोन, होम लोन वगैरह तो आईटीआर भरने के कारण आपकी लोन लेने की प्रक्रिया काफी आसान हो जाएगी।
  • अगर आपको घर या ज़मीन की रिजस्ट्री करानी है तो आईटीआर आपको लिए काफी मददगार साबित हो सकता है।
  • आपका वीज़ा प्रोसेस भी काफी हद तक आसान हो जाएगा।
  • अगर आप हाई लाइप कवर लेना चाहते हैं तो इसके लिए आपको इनकम टैक्स रिटर्न की एक कॉपी जमा करनी पड़ती है।

अगर आपने अभी तक अपना इनकम टैक्स रिटर्न नहीं भरा है तो कुछ आपको कुछ ब्याज़ देना पड़ सकता है। साथ ही अगर आपसे टैक्स भरते हुए थोड़ी गलती हुई है तो आप रिवाइज्ड टैक्स में जाकर ठीक कर सकते हैं।

कैसे फाइल करें आईटीआर?

आपको सबसे पहले इनकम टैक्स विभाग की वेबसाइट http://www.incometaxefiling.gov.in/ पर जाकर रजिस्टर करना है।

वेबसाइट के राइट में REGISTER YOURSELF का ऑप्शन होगा, उस पर क्लिक करें और खुद को रजिस्टर करें। खुले हुए नए पेज में जो भी जानाकरी मांगी जाएं, उसे भरें। अपना नंबर या आईडी भरें ताकि आपको ओटीवी मिल सकें। आपका नंबर या आईडी के वेरिफाई होने के बाद वेबसाइट पर लॉग इन करें।

आपका पैन नंबर आपका यूज़र होगा और पैन कार्ड पर मेंशन जन्मतिथि आपका पासवर्ड होगी। लॉग इन करने के बाद एक पेज आपको सामने खुलेगा। यहां प्रिपेयर एंड सब्मिट के ऑप्शन को सिलेक्ट करें।

जिस भी साल का आप टैक्स भर रहे हैं विकल्प से चुनें। नौकरी करने वाले लोग आईटीआर-1 फॉर्म सिलेक्ट करें वहीं अपना रोज़गार करने वाले लोग आईटीआर-4 चुनें। नए यूज़र को नयू एड्रेस सिलेक्ट करके अपना पता भरना होगा।

सारे नियमों को अच्छे से पढ़ लें और अपनी जानकारी भर दें।

निवेश फॉर्म 16 या 16 ए में काटे गए टीडीएस वगैरह की भी जानाकरी भर दें। बैंक के विवरण के बाद आपको वेरिफिकेशन के लिए चुनना होगा कि आप अपने आईटीआर को किस तरह से वेरिफाई करेंगे तो इसके दो तरीके हैं आधार कार्ड या नेट बैंकिंग और आईटीआर को बेंगलुरु स्थित सेंट्रल प्रोसेसिंग यूनिट में भेजकर।

वेरिफिकेशन इसका आखिरी स्टेप होगा तो अब ये जरुर जांचें कि ऑनलाइन फॉर्म में दिया गया अंतिम टैक्स आपके दिए जा रहे टैक्स के बराबर है या नहीं..फिर सब्मिट करने से पहले एक बार पूरी जांच कर लें।

इनकम टैक्स रिटर्न के सात स्टेप्स

1) सामान्य निर्देश

2) कुल आमदनी की जानकारी

3) छूट का विवरण

4) इनकम टैक्स का कैल्कुलेशन

5) टीडीएस और अन्य चुकाए गए टैक्स की जानकारी

6) बैंक का विवरण

7) वेरिफिकेशन

10 जरुरी दस्तावेज़

  1. फॉर्म 16
  2. सैलरी स्लिप
  3. बैंकों और डाकघर से ब्याज़ प्रमाण पत्र
  4. फॉर्म 16 ए/ फॉर्म 16 बी
  5. फॉर्म-16 सी और फॉर्म 26एएस
  6. टैक्स बचत के सुबूत
  7. सेक्शन 80डी से 80 यू के तहत डिडक्शन
  8. बैंक या एनबीएफसी से होम लोन का स्टेटमंट
  9. कैपिटल गेन्स
  10. आधार कार्ड

ध्यान रहें कि 31 जुलाई तक अपना इनकम टैक्स रिटर्न भर दें।

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