BJP Congress Indian Politics Latest national Politics Politics

सुप्रीम कोर्ट के जजों के झगडे पर राहुल की गाँधी ने दी ऐसी प्रतिक्रिया

सुप्रीम कोर्ट के चार जजों द्वारा पत्रकार वार्ता किये जाने के बाद देश की राजनीति में भूचाल आ गया है। एक और जहाँ पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताते मोदी सरकार को कटघरे में खड़ा किया । वहीँ इस मामले को लेकर कांग्रेस पार्टी की ओर से राहुल गाँधी ने अप्रत्यक्ष तौर पर मोदी सरकार को घेरने की कोशिश की। कांग्रेस के प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने अपना बयान देते हुए कहा कि, जजों का आरोप बेहद अहम् है।

वहीं राहुल गाँधी ने कहा कि, जजों का आरोप बहुत अहम है, उन्होंने जज लोया की मौत का मामला उठाया है जिसकी उचस्तरीय जांच होनी चाहिए। साथ ही उन्होंने न्याय व्यवस्था पर अपना भरोसा जताते हुए कहा कि, ये हिन्दुस्तान के इतिहास में पहला मौक़ा है जब सुप्रीम कोर्ट के जजों द्वारा इस तरह मीडिया के सामने आ कर अपनी बात रखी हो।

दरअसल, सुप्रीम कोर्ट के चार वरिष्ठतम न्यायाधीशों ने शुक्रवार को एक संवाददाता सम्मेलन किया और कहा कि शीर्ष अदालत में हालात ‘‘सही नहीं हैं’’ और कई ऐसी बातें हैं जो ‘‘अपेक्षा से कहीं कम’’ थीं. प्रधान न्यायाधीश के बाद दूसरे वरिष्ठतम न्यायाधीश जे चेलमेश्वर ने कहा, ‘‘ कभी उच्चतम न्यायालय का प्रशासन सही नहीं होता है और पिछले कुछ महीनों में ऐसी कई चीजें हुई हैं जो अपेक्षा से कहीं कम थीं.’’

संवादाता सम्मेलन में न्यायमूर्ति चेलमेश्वर के अलावा न्यायमूर्ति रंजन गोगोई, न्यायमूर्ति एम बी लोकुर और न्यायमूर्ति कुरियन जोसेफ मौजूद थे. कानून मंत्रालय के आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि कानून मंत्री रवि शंकर प्रसाद ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से इस संबंध में बातचीत के लिए अभी तक मुलाकात नहीं की है।

/* ]]> */